Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Taaja Khabar
    • Home
    • देश
    • विदेश
    • राज्य
    • मध्यप्रदेश
      • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
    • छत्तीसगढ़
      • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
    • राजनीती
    • धर्म
    • अन्य खबरें
      • मनोरंजन
      • खेल
      • तकनीकी
      • व्यापार
      • करियर
      • लाइफ स्टाइल
    Taaja Khabar
    Home»राज्य»मध्यप्रदेश»मंत्री के तीखे तेवर के बाद पीडब्ल्यूडी के अफसरों ने किया था दावा-15 दिन में चमक जाएंगी मप्र की सडक़ें
    मध्यप्रदेश

    मंत्री के तीखे तेवर के बाद पीडब्ल्यूडी के अफसरों ने किया था दावा-15 दिन में चमक जाएंगी मप्र की सडक़ें

    By September 30, 2024No Comments4 Mins Read
    Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email Telegram Copy Link
    मंत्री के तीखे तेवर के बाद पीडब्ल्यूडी के अफसरों ने किया था दावा-15 दिन में चमक जाएंगी मप्र की सडक़ें
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp Pinterest Email

    भोपाल । मप्र में सडक़ों की जर्जर हालात आए दिन हादसों का कारण बनती जा रही है। इसे लेकर 8 अगस्त को प्रदेश के पीडब्ल्यूडी अधिकारियों का दावा है कि वे प्रदेश की सडक़ों की स्थिति को 15 दिनों में चकाचक कर देंगे। लेकिन आज इस दावे के 52 दिन बाद स्थिति बद से बदतर हो गई है। लोक निर्माण विभाग का गड्डा मुक्त अभियान भी पहली बार फेल हो गया है। पूरे प्रदेश की सडक़ों में बारिश के बाद गड्ढे हो गए हैं, लेकिन इसमें भी भोपाल संभाग में सडक़ों की स्थिति सबसे दयनीय है। यहां पर भोपाल, सीहोर, राजगढ़, विदिशा और रायसेन में बारिश के बाद टूटी सडक़ें मेंटेनेंस के अभाव में जर्जर हो गईं। हालांकि, राजधानी में सवाल उठने पर अधिकारियों ने कुछ जगह पेचवर्क का काम कराया है।
    गौरतलब है कि खराब सडक़ों की शिकायतें बढऩे के बाद लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने 8 अगस्त को अधिकारियों की बैठक बुलाकर प्रदेश में बारिश से खराब हुई सडक़ों की मरम्मत को लेकर नाराजगी जताई थी। उन्होंने अफसरों को एक हफ्ते के अंदर सभी सडक़ों की मरम्मत करके रिपोर्ट देने को कहा था। साथ ही निर्देश दिया है कि मरम्मत के बाद इंजीनियर लिखित में पुष्टि करें कि उनके इलाके में एक भी गड्ढा नहीं बचा है। लेकिन लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों की उदासीनता का आलम यह है कि आदेश का क्रियान्वयन करना ही भूल गए। इसका नतीजा यह हुआ कि प्रदेश की अधिकतर सडक़ें जर्जर और गड्ढों में तब्दील हैं। जिस पर पेचवर्क नहीं होने से दुर्घटनाएं होने के साथ ही जनता को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
    जानकारी के अनुसार, मप्र में अब तक तकरीबन 8920 हजार किमी सडक़ इस बार बारिश में खराब हो गईं। सडक़ निर्माण से जुड़े सूत्रों की मानें तो 70 फीसदी सडक़ें गारंटी पीरियड में ही खराब हो गई हैं। जानकारों का मानना है कि सडक़ निर्माण के मापदंडों को दरकिनार कर प्रदेश में दनादन सडक़ें बनाई जा रही हैं। हालांकि लोक निर्माण विभाग, मप्र सडक़ विकास निगम और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण सडक़ों की गुणवत्ता को लेकर बड़े-बड़े दावे कर रहे हैं, लेकिन प्रदेश में इस बार हुई रिकॉर्डतोड़ बारिश ने सडक़ों की दशा बिगाड़ दी है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, प्रदेश में अब तक 9 हजार करोड़ की लागत की सडक़ें जर्जर हो गई हैं।
    प्रदेश के दूरदराज क्षेत्रों की सडक़ों की बदहाली का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि राजधानी भोपाल में ही 80 फीसदी से अधिक सडक़ें गड्ढों में गायब हो गई हैं।   सडक़ों की गुणवत्ता की हालत यह है कि पीडब्ल्यूडी द्वारा बनाई गई प्रमुख सडक़ों में से 70 फीसदी गारंटी पीरियड में ही खराब हो गई है। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय भोपाल की सडक़ों की स्थिति देखकर गत दिनों अधिकारियों पर बहुत नाराज हुए। विजयवर्गीय ने कहा कि भोपाल नगर निगम के पास कुल 2020 किलोमीटर लंबाई की सडक़ों का नेटवर्क है, जिनमें से अधिकांश सडक़ों में बारिश के कारण गड्ढे हो गए हैं। भोपाल नगर निगम के अफसरों ने बैठक में जानकारी दी कि शहर में कुल 2020 किमी लंबी सडक़ें हैं। अभी की स्थिति में कुल 225 सडक़ें क्षतिग्रस्त हैं। निगम ने सडक़ों को सुधारने के लिए 50 करोड़ का प्रस्ताव विभाग को सौंपा।
    प्रदेश में पीडब्ल्यूडी की करीब 81 हजार किमी सडक़ें है। इसमें अधिकतर सडक़ों में जगह-जगह गड्ढे हैं। जानकारों का कहना है कि हर साल यही स्थिति बनती है। इसमें गड्ढों में से गाड़ी चलाना और जर्जर सडक़ों की उड़ती धूल मुसीबत बढ़ाती है। इससे भाजपा का चुनावी दांव उलटा पड़ सकता है।  प्रदेश में सडक़ें लोक निर्माण विभाग, मप्र सडक़ विकास निगम और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की हैं। ऐसा पहली बार है जब मानसूनी बारिश में प्रदेश में इतनी ज्यादा सडक़ें खराब हुईं हों। जानकारों का कहना है कि सबसे अधिक पीडब्ल्यूडी की सडक़ें खराब हुई हैं। प्रदेश में करीब 81 हजार किलोमीटर का बड़ा हिस्सा लोक निर्माण विभाग के पास है, इसमें 9 हजार 315 किलोमीटर राष्ट्रीय राजमार्ग, 12 हजार 568 किलोमीटर स्टेट हाईवे, 25 हजार 420 किलोमीटर मुख्य जिला मार्ग और 33 हजार 697 किलोमीटर ग्रामीण सडक़ें शामिल हैं। जिसमें से सबसे ज्यादा 6500 किलोमीटर से ज्यादा सडक़ें पूरी तरह उधड़ चुकी हैं। बाकी खराब सडक़ों में 2500 किमी का हिस्सा आरडीसी और एनएचएआई का है। अब तक की जानकारी के मुताबिक 1600 किलोमीटर की सडक़ों में इस कदर गड्ढे हो गए हैं कि उन पर पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। सडक़ से डामर गायब होने लगा है और दोपहिया वाहन चालक हादसों का शिकार हो रहे हैं।

    Related Posts

    धमतरी में ‘STREE’ परियोजना का शुभारंभ: 300 ग्रामीण महिलाओं को मिलेगा आत्मनिर्भरता का नया रास्ता….

    April 15, 2026

    दशकों के अंधेरे से उजियारे में आया गारपा, नियद नेल्लानार योजना से पहली बार घर-घर पहुँची बिजली, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में कभी घोर नक्सल प्रभावित रहे क्षेत्र में हुआ तेज़ी से विकास…..

    April 15, 2026

    कटे होंठ से टूटी हिम्मत तक… एक ऑपरेशन और बदल गई जिंदगी, सुकमा की बेटी लावण्या को मिली नई मुस्कान, मुख्यमंत्री ने दिया आशीर्वाद…..

    April 15, 2026

    समाज कल्याण की मजबूत ढाल: जशपुर में 82 हजार से अधिक हितग्राहियों तक पहुंच रही योजनाएं…..

    April 15, 2026

    मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुशासन तिहार 2026 के आयोजन को लेकर कलेक्टरों को लिखी चिट्ठी, राज्य में जन शिकायतों के त्वरित निराकरण के लिए चलेगा विशेष अभियान…..

    April 15, 2026

    नारी शक्ति वंदन अधिनियम 21वीं सदी का सबसे महत्वपूर्ण निर्णय, प्रधानमंत्री के दृढ़इच्छाशक्ति और साहसिक निर्णय से पूरा होगा महिलाओं का सपना : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय….

    April 15, 2026
    विज्ञापन
    विज्ञापन
    हमसे जुड़ें
    • Facebook
    • Twitter
    • Pinterest
    • Instagram
    • YouTube
    • Vimeo
    अन्य ख़बरें

    धमतरी में ‘STREE’ परियोजना का शुभारंभ: 300 ग्रामीण महिलाओं को मिलेगा आत्मनिर्भरता का नया रास्ता….

    April 15, 2026

    दशकों के अंधेरे से उजियारे में आया गारपा, नियद नेल्लानार योजना से पहली बार घर-घर पहुँची बिजली, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में कभी घोर नक्सल प्रभावित रहे क्षेत्र में हुआ तेज़ी से विकास…..

    April 15, 2026

    कटे होंठ से टूटी हिम्मत तक… एक ऑपरेशन और बदल गई जिंदगी, सुकमा की बेटी लावण्या को मिली नई मुस्कान, मुख्यमंत्री ने दिया आशीर्वाद…..

    April 15, 2026

    समाज कल्याण की मजबूत ढाल: जशपुर में 82 हजार से अधिक हितग्राहियों तक पहुंच रही योजनाएं…..

    April 15, 2026
    हमारे बारे में

    यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

    Disclaimer - समाचार से सम्बंधित किसी भी तरह के विवाद के लिए साइट के कुछ तत्वों में उपयोगकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत सामग्री ( समाचार / फोटो / विडियो आदि ) शामिल होगी स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक इस तरह के सामग्रियों के लिए कोई ज़िम्मेदार नहीं स्वीकार करता है। न्यूज़ पोर्टल में प्रकाशित ऐसी सामग्री के लिए संवाददाता / खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होगा, स्वामी, मुद्रक, प्रकाशक, संपादक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होगी. सभी विवादों का न्यायक्षेत्र रायपुर होगा

    हमसे सम्पर्क करें
    संपादक - Faraha Niyazi
    मोबाइल - 8889278888
    ईमेल - [email protected]
    कार्यालय - Royal Garden , LIC Road Kangoli, Jagdalpur - 494001
    April 2026
    M T W T F S S
     12345
    6789101112
    13141516171819
    20212223242526
    27282930  
    « Mar    
    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • MP Info RSS Feed
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.